10 लक्जरी वाहन, 3 सुपर बाइक,करोड़ों की ज्वैलरी और न जाने
क्या-क्या.... आप सोच रहे होंगे हम अचानक ये कौन सा हिसाब देने लगे। आप
अपनी दिमागी एक्सरसाइज शुरू करें, उससे पहले ही आपको पूरी बात बताते हैं।
इतना सारा सामान किसी शोरूम का नहीं बल्कि शिमला के एक धनकुबेर का है। बैंक
धोखाधड़ी के केस में फंसे शक्ति रंजन डैश और उनसे जुड़ी संस्थाओं पर ईडी
30 अगस्त को छापा मारने पहुंची थी। रेड के दौरान इतनी सारी संपत्ति देख
प्रवर्तन निदेशालय तक के होश उड़ गए।
प्रवर्तन निदेशालय (ED) शिमला
ने 30 अगस्त 2025 को इंडियन टेक्नोमैक कंपनी लिमिटेड (M/s ITCOL) के बैंक
धोखाधड़ी मामले में शक्ति रंजन डैश और उनसे जुड़ी संस्थाओं, अनमोल माइन्स
प्राइवेट लिमिटेड (AMPL) और अनमोल रिसोर्सेज प्राइवेट लिमिटेड (ARPL), के
भुवनेश्वर (ओडिशा) स्थित आवासीय परिसरों पर तलाशी अभियान चलाया था। इस रेड
में केंद्रीय जांच एजेंसी ने अचल संपत्तियों से जुड़े कई आपत्तिजनक
दस्तावेज, 7 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य के 10 लक्जरी वाहन और 3 सुपर बाइक,
13 लाख रुपये नकद और लगभग 1.12 करोड़ रुपये के आभूषण जब्त किए गए हैं। इसके
अलावा, शक्ति रंजन डैश से संबंधित 2 लॉकर भी सील कर दिए गए हैं।
यह हवाला मामला हिमाचल प्रदेश पुलिस CID
की उस FIR से जुड़ा है, जिसमें ITCOL और उसके प्रमोटरों के खिलाफ आरोप
लगाया गया था कि इसके निदेशकों ने विभिन्न कंपनियों के कर्मचारियों और
चार्टर्ड अकाउंटेंट के साथ मिलकर बैंकों से लिए गए कर्जों का गबन किया।
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने रविवार को एक बयान में कहा कि ITCOL ने 2009 से
2013 के बीच बैंक ऑफ इंडिया के नेतृत्व वाले बैंकों के समूह से जाली
विस्तृत परियोजना रिपोर्ट जमा करके और फर्जी/शेल कंपनियों को फर्जी बिक्री
दिखाकर कर्ज लिया था।
10 लक्जरी वाहन, 3 सुपर बाइक,करोड़ों की ज्वैलरी और न जाने
क्या-क्या.... आप सोच रहे होंगे हम अचानक ये कौन सा हिसाब देने लगे। आप
अपनी दिमागी एक्सरसाइज शुरू करें, उससे पहले ही आपको पूरी बात बताते हैं।
इतना सारा सामान किसी शोरूम का नहीं बल्कि शिमला के एक धनकुबेर का है। बैंक
धोखाधड़ी के केस में फंसे शक्ति रंजन डैश और उनसे जुड़ी संस्थाओं पर ईडी
30 अगस्त को छापा मारने पहुंची थी। रेड के दौरान इतनी सारी संपत्ति देख
प्रवर्तन निदेशालय तक के होश उड़ गए।
प्रवर्तन निदेशालय (ED) शिमला
ने 30 अगस्त 2025 को इंडियन टेक्नोमैक कंपनी लिमिटेड (M/s ITCOL) के बैंक
धोखाधड़ी मामले में शक्ति रंजन डैश और उनसे जुड़ी संस्थाओं, अनमोल माइन्स
प्राइवेट लिमिटेड (AMPL) और अनमोल रिसोर्सेज प्राइवेट लिमिटेड (ARPL), के
भुवनेश्वर (ओडिशा) स्थित आवासीय परिसरों पर तलाशी अभियान चलाया था। इस रेड
में केंद्रीय जांच एजेंसी ने अचल संपत्तियों से जुड़े कई आपत्तिजनक
दस्तावेज, 7 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य के 10 लक्जरी वाहन और 3 सुपर बाइक,
13 लाख रुपये नकद और लगभग 1.12 करोड़ रुपये के आभूषण जब्त किए गए हैं। इसके
अलावा, शक्ति रंजन डैश से संबंधित 2 लॉकर भी सील कर दिए गए हैं।
यह हवाला मामला हिमाचल प्रदेश पुलिस CID
की उस FIR से जुड़ा है, जिसमें ITCOL और उसके प्रमोटरों के खिलाफ आरोप
लगाया गया था कि इसके निदेशकों ने विभिन्न कंपनियों के कर्मचारियों और
चार्टर्ड अकाउंटेंट के साथ मिलकर बैंकों से लिए गए कर्जों का गबन किया।
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने रविवार को एक बयान में कहा कि ITCOL ने 2009 से
2013 के बीच बैंक ऑफ इंडिया के नेतृत्व वाले बैंकों के समूह से जाली
विस्तृत परियोजना रिपोर्ट जमा करके और फर्जी/शेल कंपनियों को फर्जी बिक्री
दिखाकर कर्ज लिया था।



Journalist खबरीलाल














