मुंबई: बॉलीवुड और इंडिपेंडेंट म्यूजिक में अश्लील बोल, महिलाओं का अपमान और ऑब्जेक्टिफिकेशन के आरोप लगातार लगते रहे हैं। हाल के वर्षों में कई गाने विवादों में घिरे, जहां गंदे लिरिक्स और बोल्ड डांस स्टेप्स ने महिलाओं की गरिमा पर सवाल खड़े किए। ये गाने व्यूज तोड़ते हैं, लेकिन समाज में गंभीर बहस भी छेड़ देते हैं। सेंसर बोर्ड, महिला आयोग और पुलिस पर कार्रवाई की मांग भी बढ़ जाती है।
लेटेस्ट विवाद संजय दत्त और नोरा फतेही पर फिल्माए 'केडी: द डेविल' फिल्म का गाना 'चुनर सरके' को लेकर है। 15 मार्च को रिलीज नोरा फतेही और संजय दत्त के 'सरके चुनर' की लिरिक्स में अश्लीलता और ओछेपन की हदें पार की गईं। डांस स्टेप्स ने इसे और बढ़ावा दिया। आलम यह रहा कि रिलीज के कुछ घंटों बाद ही गाना विवादों के घेरे आ गया। सेंसर बोर्ड पर सवाल उठे कि यह कैसे पास हुआ। कई लोगों ने सख्त एक्शन और बैन की मांग की।
मुंबई: बॉलीवुड और इंडिपेंडेंट म्यूजिक में अश्लील बोल, महिलाओं का अपमान और ऑब्जेक्टिफिकेशन के आरोप लगातार लगते रहे हैं। हाल के वर्षों में कई गाने विवादों में घिरे, जहां गंदे लिरिक्स और बोल्ड डांस स्टेप्स ने महिलाओं की गरिमा पर सवाल खड़े किए। ये गाने व्यूज तोड़ते हैं, लेकिन समाज में गंभीर बहस भी छेड़ देते हैं। सेंसर बोर्ड, महिला आयोग और पुलिस पर कार्रवाई की मांग भी बढ़ जाती है।
लेटेस्ट विवाद संजय दत्त और नोरा फतेही पर फिल्माए 'केडी: द डेविल' फिल्म का गाना 'चुनर सरके' को लेकर है। 15 मार्च को रिलीज नोरा फतेही और संजय दत्त के 'सरके चुनर' की लिरिक्स में अश्लीलता और ओछेपन की हदें पार की गईं। डांस स्टेप्स ने इसे और बढ़ावा दिया। आलम यह रहा कि रिलीज के कुछ घंटों बाद ही गाना विवादों के घेरे आ गया। सेंसर बोर्ड पर सवाल उठे कि यह कैसे पास हुआ। कई लोगों ने सख्त एक्शन और बैन की मांग की।



Journalist खबरीलाल














