Breaking News

News (खबरीलाल न्यूज़) : आज सोने-चांदी की कीमतों में भारी गिरावट, जानिए सोने-चांदी का भाव:

post

भारतीय घरेलू वायदा बाजार में शुक्रवार सुबह सोने और चांदी की कीमतों में आज भी बड़ी और भारी गिरावट दर्ज की गई है। कमजोर वैश्विक संकेतों और लगातार मजबूत होते अमेरिकी डॉलर के कारण यह भारी दबाव साफ देखने को मिल रहा है। इसके साथ ही प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में तेजी से बढ़ती महंगाई भी इस भारी गिरावट का एक बहुत ही मुख्य कारण बनी हुई है।

आज सुबह MCX पर सोने के वायदा भाव में 0.25 प्रतिशत की कमी आई और यह गिरकर सीधे 1,59,202 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गया। वहीं दूसरी ओर चांदी के वायदा भाव में भी 0.43 प्रतिशत की एक बड़ी गिरावट प्रमुखता से दर्ज की गई है। इसके बाद चांदी 2,73,690 रुपये प्रति किलोग्राम के भारी निचले स्तर पर लगातार अपना कारोबार कर रही है।

अंतरराष्ट्रीय बाजार का हाल

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी स्पॉट गोल्ड 0.4 प्रतिशत गिरकर 4,522.89 डॉलर प्रति औंस पर आ गया है। इस पूरे सप्ताह में अब तक सोने की कीमतों में करीब 0.3 प्रतिशत की बड़ी गिरावट देखी गई है। अमेरिकी सोने के वायदा भाव में 0.4 प्रतिशत की कमी से यह 4,524.40 डॉलर प्रति औंस हुआ।

सोने के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय बाजार में चांदी की कीमतों पर भी काफी बुरा असर पड़ा है। स्पॉट सिल्वर की कीमतों में 0.7 प्रतिशत की बड़ी और भारी गिरावट साफ तौर पर देखी गई है। इस भारी गिरावट के बाद चांदी 76.18 डॉलर प्रति औंस के निचले स्तर पर आ गई है।

अमेरिकी डॉलर की मजबूती

इन दिनों अमेरिकी डॉलर पिछले छह सप्ताह के अपने सबसे ऊंचे स्तर के करीब तेजी से मंडरा रहा है। डॉलर की इस बड़ी मजबूती के कारण अन्य करेंसी वालों के लिए सोना खरीदना काफी महंगा हो गया है। अमेरिका-ईरान युद्ध शुरू होने के बाद से ही अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने पर भारी दबाव है।

कच्चे तेल की कीमतों में आए भारी उछाल ने डॉलर को बहुत ही ज्यादा मजबूत बना दिया है। मध्य पूर्व के इस संघर्ष ने अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरें बढ़ाने की अटकलें तेज कर दी हैं। सोना एक ऐसी संपत्ति है जिस पर निवेशकों को कभी कोई अतिरिक्त ब्याज नहीं मिलता है।

एक्सपर्ट्स की बड़ी राय

विशेषज्ञों का मानना है कि इस साल फेडरल रिजर्व और भारतीय रिजर्व बैंक ब्याज दरें बढ़ा सकते हैं। रॉयटर्स के अनुसार दिसंबर तक फेड द्वारा ब्याज दरें बढ़ाए जाने की 60% मजबूत संभावना है। इसी आशंका के कारण वैश्विक बाजार में कीमती धातुओं की कीमतों में लगातार गिरावट जारी है।


भारतीय घरेलू वायदा बाजार में शुक्रवार सुबह सोने और चांदी की कीमतों में आज भी बड़ी और भारी गिरावट दर्ज की गई है। कमजोर वैश्विक संकेतों और लगातार मजबूत होते अमेरिकी डॉलर के कारण यह भारी दबाव साफ देखने को मिल रहा है। इसके साथ ही प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में तेजी से बढ़ती महंगाई भी इस भारी गिरावट का एक बहुत ही मुख्य कारण बनी हुई है।

आज सुबह MCX पर सोने के वायदा भाव में 0.25 प्रतिशत की कमी आई और यह गिरकर सीधे 1,59,202 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गया। वहीं दूसरी ओर चांदी के वायदा भाव में भी 0.43 प्रतिशत की एक बड़ी गिरावट प्रमुखता से दर्ज की गई है। इसके बाद चांदी 2,73,690 रुपये प्रति किलोग्राम के भारी निचले स्तर पर लगातार अपना कारोबार कर रही है।

अंतरराष्ट्रीय बाजार का हाल

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी स्पॉट गोल्ड 0.4 प्रतिशत गिरकर 4,522.89 डॉलर प्रति औंस पर आ गया है। इस पूरे सप्ताह में अब तक सोने की कीमतों में करीब 0.3 प्रतिशत की बड़ी गिरावट देखी गई है। अमेरिकी सोने के वायदा भाव में 0.4 प्रतिशत की कमी से यह 4,524.40 डॉलर प्रति औंस हुआ।

सोने के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय बाजार में चांदी की कीमतों पर भी काफी बुरा असर पड़ा है। स्पॉट सिल्वर की कीमतों में 0.7 प्रतिशत की बड़ी और भारी गिरावट साफ तौर पर देखी गई है। इस भारी गिरावट के बाद चांदी 76.18 डॉलर प्रति औंस के निचले स्तर पर आ गई है।

अमेरिकी डॉलर की मजबूती

इन दिनों अमेरिकी डॉलर पिछले छह सप्ताह के अपने सबसे ऊंचे स्तर के करीब तेजी से मंडरा रहा है। डॉलर की इस बड़ी मजबूती के कारण अन्य करेंसी वालों के लिए सोना खरीदना काफी महंगा हो गया है। अमेरिका-ईरान युद्ध शुरू होने के बाद से ही अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने पर भारी दबाव है।

कच्चे तेल की कीमतों में आए भारी उछाल ने डॉलर को बहुत ही ज्यादा मजबूत बना दिया है। मध्य पूर्व के इस संघर्ष ने अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरें बढ़ाने की अटकलें तेज कर दी हैं। सोना एक ऐसी संपत्ति है जिस पर निवेशकों को कभी कोई अतिरिक्त ब्याज नहीं मिलता है।

एक्सपर्ट्स की बड़ी राय

विशेषज्ञों का मानना है कि इस साल फेडरल रिजर्व और भारतीय रिजर्व बैंक ब्याज दरें बढ़ा सकते हैं। रॉयटर्स के अनुसार दिसंबर तक फेड द्वारा ब्याज दरें बढ़ाए जाने की 60% मजबूत संभावना है। इसी आशंका के कारण वैश्विक बाजार में कीमती धातुओं की कीमतों में लगातार गिरावट जारी है।


...
...
...
...
...
...
Sidebar Banner
Sidebar Banner
Sidebar Banner
Sidebar Banner