
पुर्तगाल के कप्तान क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने पुष्टि कर दी है कि फीफा वर्ल्ड कप 2026 उनके करियर का आखिरी विश्व कप होगा। हालांकि, उन्होंने ये भी साफ कर दिया कि वो अभी अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल से संन्यास नहीं ले रहे हैं। स्पेन के खिलाफ राउंड ऑफ 16 मुकाबले से पहले रोनाल्डो ने कहा कि वो चाहते हैं कि यह टूर्नामेंट उनके लिए यादगार बने और उनका आखिरी मैच अभी न आए।
41 वर्षीय रोनाल्डो ने इस विश्व कप में ग्रुप स्टेज के दौरान उज्बेकिस्तान के खिलाफ दो गोल किए थे। इसके बाद राउंड ऑफ 32 में क्रोएशिया के खिलाफ पेनल्टी पर गोल दागा, जो उनके वर्ल्ड कप नॉकआउट मुकाबलों का पहला गोल था। 2006 में विश्व कप डेब्यू करने के बाद से वह लगातार छह विश्व कप में गोल करने वाले दुनिया के पहले खिलाड़ी बन चुके हैं। उनके नाम अब विश्व कप में कुल 11 गोल दर्ज हैं।
संन्यास को लेकर पूछे गए सवाल पर रोनाल्डो ने कहा कि ये फैसला सिर्फ वही करेंगे। उन्होंने कहा, ‘मैं खेलूं या नहीं, राष्ट्रीय टीम में मेरी भूमिका हमेशा रहेगी। स्पेन के खिलाफ मैच में मैं अपना 100 नहीं, बल्कि 1000 प्रतिशत देने की कोशिश करूंगा। फुटबॉल को मैंने अपना सब कुछ दिया है। कब तक खेलना है, इसका फैसला भी मैं खुद ही करूंगा।’
क्रिस्टियानो रोनाल्डो अब तक पुर्तगाल के लिए 232 अंतरराष्ट्रीय मैच खेल चुके हैं और रिकॉर्ड 146 गोल कर चुके हैं। उनकी कप्तानी में पुर्तगाल ने 2016 में यूरो कप का पहला बड़ा खिताब जीता था। इसके अलावा 2019 और 2025 में टीम ने यूईएफए नेशंस लीग (UEFA) का खिताब भी अपने नाम किया।
रोनाल्डो ने कहा कि इस विश्व कप की सबसे खास बात दुनिया भर के फुटबॉल फैंस का प्यार और जुनून है। उन्होंने बताया कि एक सुबह उनकी मुलाकात वेनेजुएला और कोलंबिया के कुछ फैंस से हुई, जिन्होंने अपनी कहानियां सुनाई। कई फैंस उन्हें देखकर भावुक हो गए। रोनाल्डो ने कहा कि यही पल उनके लिए सबसे ज्यादा मायने रखते हैं और जिंदगी की असली कमाई यही है।

पुर्तगाल के कप्तान क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने पुष्टि कर दी है कि फीफा वर्ल्ड कप 2026 उनके करियर का आखिरी विश्व कप होगा। हालांकि, उन्होंने ये भी साफ कर दिया कि वो अभी अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल से संन्यास नहीं ले रहे हैं। स्पेन के खिलाफ राउंड ऑफ 16 मुकाबले से पहले रोनाल्डो ने कहा कि वो चाहते हैं कि यह टूर्नामेंट उनके लिए यादगार बने और उनका आखिरी मैच अभी न आए।
41 वर्षीय रोनाल्डो ने इस विश्व कप में ग्रुप स्टेज के दौरान उज्बेकिस्तान के खिलाफ दो गोल किए थे। इसके बाद राउंड ऑफ 32 में क्रोएशिया के खिलाफ पेनल्टी पर गोल दागा, जो उनके वर्ल्ड कप नॉकआउट मुकाबलों का पहला गोल था। 2006 में विश्व कप डेब्यू करने के बाद से वह लगातार छह विश्व कप में गोल करने वाले दुनिया के पहले खिलाड़ी बन चुके हैं। उनके नाम अब विश्व कप में कुल 11 गोल दर्ज हैं।
संन्यास को लेकर पूछे गए सवाल पर रोनाल्डो ने कहा कि ये फैसला सिर्फ वही करेंगे। उन्होंने कहा, ‘मैं खेलूं या नहीं, राष्ट्रीय टीम में मेरी भूमिका हमेशा रहेगी। स्पेन के खिलाफ मैच में मैं अपना 100 नहीं, बल्कि 1000 प्रतिशत देने की कोशिश करूंगा। फुटबॉल को मैंने अपना सब कुछ दिया है। कब तक खेलना है, इसका फैसला भी मैं खुद ही करूंगा।’
क्रिस्टियानो रोनाल्डो अब तक पुर्तगाल के लिए 232 अंतरराष्ट्रीय मैच खेल चुके हैं और रिकॉर्ड 146 गोल कर चुके हैं। उनकी कप्तानी में पुर्तगाल ने 2016 में यूरो कप का पहला बड़ा खिताब जीता था। इसके अलावा 2019 और 2025 में टीम ने यूईएफए नेशंस लीग (UEFA) का खिताब भी अपने नाम किया।
रोनाल्डो ने कहा कि इस विश्व कप की सबसे खास बात दुनिया भर के फुटबॉल फैंस का प्यार और जुनून है। उन्होंने बताया कि एक सुबह उनकी मुलाकात वेनेजुएला और कोलंबिया के कुछ फैंस से हुई, जिन्होंने अपनी कहानियां सुनाई। कई फैंस उन्हें देखकर भावुक हो गए। रोनाल्डो ने कहा कि यही पल उनके लिए सबसे ज्यादा मायने रखते हैं और जिंदगी की असली कमाई यही है।


Journalist खबरीलाल
















