दंतेवाड़ा । छत्तीसगढ़ में राज्योत्सव
के अवसर पर दंतेवाड़ा जिले के दो और नारायणपुर के पांच पुलिसकर्मियों को
छतीसगढ़ शौर्य पदक दिया जाएगा। इनमें दंतेवाड़ा के डीआरजी के एएसआइ सोमारू
कड़ती और प्रधान आरक्षक केशर लाल सरोज का नाम शामिल है। 2019 में हुई
गुमियापाल में पुलिस नक्सली मुठभेड़ में दो इनामी नक्सलियों को मारने में
कामयाबी मिली थी।
मंगली हेमला मारी गई थी। मंगली विनोद हेमला की बेटी थी। इसके साथ ही एक
अन्य इनामी नक्सली को भी मारने में सफलता मिली थी। इस मुठभेड़ में शौर्य
पदक से नावजे जाने वाले जवानों ने वीरता का परिचय दिया था।
जिसमें सबसे पहला नाम संजय पोटाम का आता है, जिनको राष्ट्रपति पुरष्कार से
नवाजा गया था। वहीं दंतेवाड़ा के अलावा नारायणपुर के प्रधान आरक्षक
बैशाखूराम सोम, पनउराम दुग्गा, सकेन्द्र कुमार नेताम, आरक्षक विवेक सिंह व
रमेश कुमार को भी छतीसगढ़ शौर्य पदक मिलेगा। दंतेवाड़ा के एसपी अभिषेक पल्लव
ने जवानों के प्रति हर्ष जताया।
राज्य स्थापना दिवस पर एक नवंबर को आयोजित समारोह में संस्कृति विभाग
द्वारा अलग-अलग विधाओं में आठ विभूतियों को राज्य अलंकरण प्रदान किया
जाएगा। इससे पहले चार विधाओं में सम्मान दिया जाता था।
साल दिए जाने वाले आठ विधाओं में साहित्य के क्षेत्र में कार्य करने वाले
को पं.सुंदरलाल शर्मा सम्मान, संगीत एवं कला के क्षेत्र में चक्रधर सम्मान,
लोककला, शिल्पकला के क्षेत्र में दाऊ मंदराजी सम्मान दिया जाएगा। इसी
प्रकार पंथी नर्तक देवदास की स्मृति में पंथी नृत्य सम्मान, विदेशों में
स्थापित छत्तीसगढ़ के निवासियों को उत्कृष्ट कार्य करने के लिए छत्तीसगढ़
अप्रवासी भारतीय सम्मान, हिंदी-छत्तीसगढ़ी सिनेमा के क्षेत्र में उत्कृष्ट
कार्य करने वाले को किशोर साहू सम्मान तथा हिंदी-छत्तीसगढ़ी सिनेमा के
निर्देशन में बेहतर कार्य करने वाले को किशोर साहू राष्ट्रीय अलंकरण सम्मान
से सम्मानित किया जाएगा।
दंतेवाड़ा । छत्तीसगढ़ में राज्योत्सव
के अवसर पर दंतेवाड़ा जिले के दो और नारायणपुर के पांच पुलिसकर्मियों को
छतीसगढ़ शौर्य पदक दिया जाएगा। इनमें दंतेवाड़ा के डीआरजी के एएसआइ सोमारू
कड़ती और प्रधान आरक्षक केशर लाल सरोज का नाम शामिल है। 2019 में हुई
गुमियापाल में पुलिस नक्सली मुठभेड़ में दो इनामी नक्सलियों को मारने में
कामयाबी मिली थी।
मंगली हेमला मारी गई थी। मंगली विनोद हेमला की बेटी थी। इसके साथ ही एक
अन्य इनामी नक्सली को भी मारने में सफलता मिली थी। इस मुठभेड़ में शौर्य
पदक से नावजे जाने वाले जवानों ने वीरता का परिचय दिया था।
जिसमें सबसे पहला नाम संजय पोटाम का आता है, जिनको राष्ट्रपति पुरष्कार से
नवाजा गया था। वहीं दंतेवाड़ा के अलावा नारायणपुर के प्रधान आरक्षक
बैशाखूराम सोम, पनउराम दुग्गा, सकेन्द्र कुमार नेताम, आरक्षक विवेक सिंह व
रमेश कुमार को भी छतीसगढ़ शौर्य पदक मिलेगा। दंतेवाड़ा के एसपी अभिषेक पल्लव
ने जवानों के प्रति हर्ष जताया।
राज्य स्थापना दिवस पर एक नवंबर को आयोजित समारोह में संस्कृति विभाग
द्वारा अलग-अलग विधाओं में आठ विभूतियों को राज्य अलंकरण प्रदान किया
जाएगा। इससे पहले चार विधाओं में सम्मान दिया जाता था।
साल दिए जाने वाले आठ विधाओं में साहित्य के क्षेत्र में कार्य करने वाले
को पं.सुंदरलाल शर्मा सम्मान, संगीत एवं कला के क्षेत्र में चक्रधर सम्मान,
लोककला, शिल्पकला के क्षेत्र में दाऊ मंदराजी सम्मान दिया जाएगा। इसी
प्रकार पंथी नर्तक देवदास की स्मृति में पंथी नृत्य सम्मान, विदेशों में
स्थापित छत्तीसगढ़ के निवासियों को उत्कृष्ट कार्य करने के लिए छत्तीसगढ़
अप्रवासी भारतीय सम्मान, हिंदी-छत्तीसगढ़ी सिनेमा के क्षेत्र में उत्कृष्ट
कार्य करने वाले को किशोर साहू सम्मान तथा हिंदी-छत्तीसगढ़ी सिनेमा के
निर्देशन में बेहतर कार्य करने वाले को किशोर साहू राष्ट्रीय अलंकरण सम्मान
से सम्मानित किया जाएगा।


Journalist खबरीलाल












