रायपुर । केंद्रीय बजट में रायपुर में एयर
कार्गों और सेना का बेस कैंप स्थापित करने का प्रविधान करने की मांग प्रदेश
भाजपा ने केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से की है। आम बजट की
तैयारी में जुटीं केंद्रीय वित्त मंत्री ने रविवार को देशभर के भाजपा
नेताओं की वर्चुअल बैठक लेकर उनसे सुझाव लिए। करीब चार घंटे चली इस बैठक
में वित्त मंत्री ने खुद सुझावों को नोट किया। इस बैठक में प्रदेश से पूर्व मंत्री अमर अग्रवाल, विधायक सौरभ सिंह व सीए
अमित चिमनानी जुड़े। सिंह व चिमनानी ने बताया कि प्रदेश की मांगों के संबंध
में वित्त मंत्री से विस्तार से चर्चा हुई। रायपुर को इंटरनेशनल
कनेक्टिविटी देने, बिलासपुर एयरपोर्ट, रायपुर में एयर कार्गो हब, राज्य में
आर्मी बेस, रेललाइन का विस्तार, समय सीमा में नए ओवरब्रिज का निर्माण का
प्रस्ताव केंद्रीय वित्त मंत्री के सामने रखा गया।इसी तरह दुरुस्त इलाकों में पोस्ट आफिस, एटीएम और बैंकिंग सुविधाओं का
विस्तार, राज्य के लिए मेडिकल कालेज, भारत माला एक्सप्रेस हाइवे का
विस्तार, श्रमिकों के लिए नया ईएसआइसी अस्पताल, फसल बीमा योजना में कीटों
से हुए नुकसान को जोड़ना, केंद्रीय जनजाति विश्वविद्यालय का कैंपस व अन्य कई
सुझाव दिए गए। भाजपा नेताओं ने अपने सुझाव में कर के संबंध में भी कुछ
प्रस्ताव रखे। राज्यों के लिए ऋण लेने के बाद उस राशि के उपयोग के लिए नियम जोड़ने
की बात कही ताकि राज्य ऋण की राशि का उपयोग केवल राजस्व व्यय के रूप में न
करके पूंजीगत व्यय भी अनिवार्य रूप से हो ताकि राज्य की आय में बढ़ोतरी के
साथ निवेश व रोजगार की संभावनाएं बढ़े।
ने कहा कि भाजपा के लोगों से सुझाव मांगने की नौटंकी करने के बजाए इस बजट
में सात साल से बाकी 14 करोड़ रोजगार के लिए प्रविधान करें। हर व्यक्ति के
खाते में 15 लाख डालने के लिए भी तैयार रहें।
कहा कि सीतारमण को यह समझना चाहिए कि उन्हें देश का बजट बनाना है। यह
भाजपा का घरेलू बजट नहीं है। आम बजट के लिए सलाह उन लोगों से ली जा रही है,
जिन्होंने छत्तीसगढ़ को कर्जे से लाद दिया। मरकाम ने कहा कि बीते तीन बजट
में राज्य की उपेक्षा की गई है और राजनीतिक भेदभाव किया गया है। राज्यों के
ऋण मामले में प्रदेश के भाजपा नेताओं के सुझाव को मरकाम ने छत्तीसगढ़
विरोधी मानसिकता बताया है।
रायपुर । केंद्रीय बजट में रायपुर में एयर
कार्गों और सेना का बेस कैंप स्थापित करने का प्रविधान करने की मांग प्रदेश
भाजपा ने केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से की है। आम बजट की
तैयारी में जुटीं केंद्रीय वित्त मंत्री ने रविवार को देशभर के भाजपा
नेताओं की वर्चुअल बैठक लेकर उनसे सुझाव लिए। करीब चार घंटे चली इस बैठक
में वित्त मंत्री ने खुद सुझावों को नोट किया। इस बैठक में प्रदेश से पूर्व मंत्री अमर अग्रवाल, विधायक सौरभ सिंह व सीए
अमित चिमनानी जुड़े। सिंह व चिमनानी ने बताया कि प्रदेश की मांगों के संबंध
में वित्त मंत्री से विस्तार से चर्चा हुई। रायपुर को इंटरनेशनल
कनेक्टिविटी देने, बिलासपुर एयरपोर्ट, रायपुर में एयर कार्गो हब, राज्य में
आर्मी बेस, रेललाइन का विस्तार, समय सीमा में नए ओवरब्रिज का निर्माण का
प्रस्ताव केंद्रीय वित्त मंत्री के सामने रखा गया।इसी तरह दुरुस्त इलाकों में पोस्ट आफिस, एटीएम और बैंकिंग सुविधाओं का
विस्तार, राज्य के लिए मेडिकल कालेज, भारत माला एक्सप्रेस हाइवे का
विस्तार, श्रमिकों के लिए नया ईएसआइसी अस्पताल, फसल बीमा योजना में कीटों
से हुए नुकसान को जोड़ना, केंद्रीय जनजाति विश्वविद्यालय का कैंपस व अन्य कई
सुझाव दिए गए। भाजपा नेताओं ने अपने सुझाव में कर के संबंध में भी कुछ
प्रस्ताव रखे। राज्यों के लिए ऋण लेने के बाद उस राशि के उपयोग के लिए नियम जोड़ने
की बात कही ताकि राज्य ऋण की राशि का उपयोग केवल राजस्व व्यय के रूप में न
करके पूंजीगत व्यय भी अनिवार्य रूप से हो ताकि राज्य की आय में बढ़ोतरी के
साथ निवेश व रोजगार की संभावनाएं बढ़े।
ने कहा कि भाजपा के लोगों से सुझाव मांगने की नौटंकी करने के बजाए इस बजट
में सात साल से बाकी 14 करोड़ रोजगार के लिए प्रविधान करें। हर व्यक्ति के
खाते में 15 लाख डालने के लिए भी तैयार रहें।
कहा कि सीतारमण को यह समझना चाहिए कि उन्हें देश का बजट बनाना है। यह
भाजपा का घरेलू बजट नहीं है। आम बजट के लिए सलाह उन लोगों से ली जा रही है,
जिन्होंने छत्तीसगढ़ को कर्जे से लाद दिया। मरकाम ने कहा कि बीते तीन बजट
में राज्य की उपेक्षा की गई है और राजनीतिक भेदभाव किया गया है। राज्यों के
ऋण मामले में प्रदेश के भाजपा नेताओं के सुझाव को मरकाम ने छत्तीसगढ़
विरोधी मानसिकता बताया है।


Journalist खबरीलाल












