00 शासकीय विभागों में लगने वाली सामग्री की आपूर्ति राज्य के प्रदायकों से खरीदे जायेंगे
00 निगम के रिक्त पड़े भवनों में सरकार खोलेगी सिटी डायग्नोस्टिक सेंटर
छत्तीसगढ़ राज्य कृषक कल्याण परिषद के पुर्नगठन के प्रस्ताव पर कैबिनेट ने
अपनी मुहर लगा दी है। इसी के साथ राज्य शासन के सभी शासकीय विभागों में
लगने वाली सामग्री की आपूर्ति राज्य के प्रदायकों से खरीदे जाने का निर्णय
लिया गया। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की अध्यक्षता में गुरूवार को उनके निवास
कार्यालय में कैबिनेट की बैठक हुई जिसमें यह निर्णय लिये गये। कैबिनेट ने
गोठानों में तैयार हो रही वर्मी कम्पोस्ट खाद के मृल्य को बढ़ाये जाने के
लिये अपनी स्वीकृति प्रदान की। नगर निगम के रिक्त पड़े भवनों में शासन सिटी
डायग्रोस्टिक सेंटर खोलने का निर्णय लिया है।
कैबिनेट की बैठक में छत्तीसगढ़ शासन भण्डार क्रय नियम, 2020 में संशोधन के
प्रस्ताव को अनुमोदित करते हुए शासन के सभी शासकीय विभागों के द्वारा राज्य
के प्रदायकों से ही सामग्री क्रय का निर्णय लिया गया। इसके अलावा
छत्तीसगढ़ राज्य कृषक कल्याण परिषद के पुनर्गठन किये जाने को भी कैबिनेट ने
हरी झंडी दे दी।
कैबिनेट की बैठक में नगर पालिक निगमों के स्वामित्व के खाली पड़े भवनों को
सिटी डायग्नोस्टिक सेंटर योजना के लिए उपयोग किए जाने का निर्णय लेते हुए
इस हेतु छत्तीसगढ़ नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 के अंतर्गत छत्तीसगढ़ अचल
संपत्ति अंतरण नियम 1994 के प्रावधानों में शिथिलीकरण का निर्णय लिया गया।
बैठक मे गोधन न्याय योजना के तहत उत्पादित वर्मी कम्पोस्ट के विक्रय दर 8
रूपए प्रति किलोग्राम से बढ़ाकर 10 रूपए प्रति किलोग्राम करने के निर्णय का
मंत्रिपरिषद द्वारा अनुसमर्थन किया गया। दुर्ग जिला गृह निर्माण समिति
राजनांदगांव (मोहन नगर) को आबंटित नजूल भूमि के पट्टा निष्पादन की अनुमति
प्रदान की गई। भारतीय स्टाम्प (छत्तीसगढ़ संशोधन) विधेयक-2020 के प्रारूप
का अनुमोदन किया गया।
छत्तीसगढ़ भाड़ा नियंत्रण अधिनियम 2011 में संशोधन हेतु छत्तीसगढ़ भाड़ा
नियंत्रण (संशोधन) विधेयक 2020 के प्रस्ताव का अनुमोदन किया गया। छत्तीसगढ़
अनधिकृत विकास का नियमितीकरण अधिनियम 2002 एवं छत्तीसगढ़ अनधिकृत विकास का
नियमितिकरण नियम, 2002 में संशोधन किए जाने हेतु मंत्रिपरिषद उप समिति का
गठन कर प्रस्तावित संशोधनों में समिति की अनुशंसा प्राप्त करने का निर्णय
लिया गया।
छत्तीसगढ़ राजकोषीय उत्तरदायित्व और बजट प्रबंध (संशोधन) विधेयक 2020 के
प्रारूप का अनुमोदन किया गया।द्वितीय अनुपूरक अनुमान वर्ष 2020-21 का
विधानसभा में उपस्थापन बावत् छत्तीसगढ़ विनियोग विधेयक-2020 के प्रारूप का
अनुमोदन किया गया। राज्य के जिला मुख्यालयों एवं प्रमुख शहरों में
निर्मित जर्जर भवनों के रिडेव्हलपमेंट करने का निर्णय लिया गया। जिसमें
रायपुर के शांति नगर के पुनर्विकास योजना को सैद्धांतिक सहमति दी गई।
छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मण्डल एवं रायपुर विकास प्राधिकरण को आबंटित शासकीय
भूमि पर आवासीय एवं आवासीय/व्यवसायिक योजना में शामिल व्यवसायिक संपत्ति को
फ्री -होल्ड करने की अनुमति निहित शर्तो पर दी जाए। छत्तीसगढ़ राज्य के
निर्माण कार्यो के ठेकों में एकीकृत पंजीयन व्यवस्था के तहत ई श्रेणी के
मापदण्ड (आई) एवं (आईवी) में संशोधन का निर्णय लिया गया। जिसके तहत मापदण्ड
(आई) में अब सामान्य क्षेत्रों में स्नातक बेरोजगार युवाओं का पंजीयन होगा
वहीं अनुसूचित क्षेत्रों में हायर सेकेण्डरी उत्तीर्ण बेरोजगार युवाओं का
पंजीयन ई श्रेणी में किया जाएगा जबकि पूर्व में अनुसूचित क्षेत्रों में भी
स्नातक उपाधिधारी बेरोजगार युवाओं का ई श्रेणी में पंजीयन किया जा रहा है।
इसी तरह मापदण्ड (आईवी) में अब ई श्रेणी पंजीयन एवं प्रतिस्पर्धा ब्लॉक एवं
नगर निगम सीमा तक सीमित रहेगी। पंजीयन ब्लॉक स्तर पर होगा तथा संबंधित नगर
निगम सीमा क्षेत्र को भी पंजीयन के लिए एक इकाई माना जाएगा जबकि पहले
प्रावधान था कि स्नातधारी जिस ब्लॉक के निवासी होंगे, वह उसी ब्लॉक अंतर्गत
के कार्यो के लिए प्रतिस्पर्धा में भाग ले सकेंगे।छत्तीसगढ़ रोड एण्ड
इंफ्रेस्ट्रक्चर डेव्हलमेंट कार्पोरेशन लिमिटेड द्वारा राज्य शासन से
संप्रभु गारंटी प्राप्त कर बैंक/वित्तीय संस्थाओं से ऋण प्राप्त करने एवं
निर्माण कार्य संपादन की प्रक्रिया का अनुमोदन किया गया।
संचालनालय रोजगार एवं प्रशिक्षण के अधीन औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थाओं में
शेष 69 संविदा प्रशिक्षण अधिकारियों की सेवा अवधि में भी वृद्धि/नवीनीकरण
का निर्णय लिया गया। पूर्व में 235 संविदा प्रशिक्षण अधिकारियों की संविदा
सेवा में वृद्धि की गई है।
00 शासकीय विभागों में लगने वाली सामग्री की आपूर्ति राज्य के प्रदायकों से खरीदे जायेंगे
00 निगम के रिक्त पड़े भवनों में सरकार खोलेगी सिटी डायग्नोस्टिक सेंटर
छत्तीसगढ़ राज्य कृषक कल्याण परिषद के पुर्नगठन के प्रस्ताव पर कैबिनेट ने
अपनी मुहर लगा दी है। इसी के साथ राज्य शासन के सभी शासकीय विभागों में
लगने वाली सामग्री की आपूर्ति राज्य के प्रदायकों से खरीदे जाने का निर्णय
लिया गया। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की अध्यक्षता में गुरूवार को उनके निवास
कार्यालय में कैबिनेट की बैठक हुई जिसमें यह निर्णय लिये गये। कैबिनेट ने
गोठानों में तैयार हो रही वर्मी कम्पोस्ट खाद के मृल्य को बढ़ाये जाने के
लिये अपनी स्वीकृति प्रदान की। नगर निगम के रिक्त पड़े भवनों में शासन सिटी
डायग्रोस्टिक सेंटर खोलने का निर्णय लिया है।
कैबिनेट की बैठक में छत्तीसगढ़ शासन भण्डार क्रय नियम, 2020 में संशोधन के
प्रस्ताव को अनुमोदित करते हुए शासन के सभी शासकीय विभागों के द्वारा राज्य
के प्रदायकों से ही सामग्री क्रय का निर्णय लिया गया। इसके अलावा
छत्तीसगढ़ राज्य कृषक कल्याण परिषद के पुनर्गठन किये जाने को भी कैबिनेट ने
हरी झंडी दे दी।
कैबिनेट की बैठक में नगर पालिक निगमों के स्वामित्व के खाली पड़े भवनों को
सिटी डायग्नोस्टिक सेंटर योजना के लिए उपयोग किए जाने का निर्णय लेते हुए
इस हेतु छत्तीसगढ़ नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 के अंतर्गत छत्तीसगढ़ अचल
संपत्ति अंतरण नियम 1994 के प्रावधानों में शिथिलीकरण का निर्णय लिया गया।
बैठक मे गोधन न्याय योजना के तहत उत्पादित वर्मी कम्पोस्ट के विक्रय दर 8
रूपए प्रति किलोग्राम से बढ़ाकर 10 रूपए प्रति किलोग्राम करने के निर्णय का
मंत्रिपरिषद द्वारा अनुसमर्थन किया गया। दुर्ग जिला गृह निर्माण समिति
राजनांदगांव (मोहन नगर) को आबंटित नजूल भूमि के पट्टा निष्पादन की अनुमति
प्रदान की गई। भारतीय स्टाम्प (छत्तीसगढ़ संशोधन) विधेयक-2020 के प्रारूप
का अनुमोदन किया गया।
छत्तीसगढ़ भाड़ा नियंत्रण अधिनियम 2011 में संशोधन हेतु छत्तीसगढ़ भाड़ा
नियंत्रण (संशोधन) विधेयक 2020 के प्रस्ताव का अनुमोदन किया गया। छत्तीसगढ़
अनधिकृत विकास का नियमितीकरण अधिनियम 2002 एवं छत्तीसगढ़ अनधिकृत विकास का
नियमितिकरण नियम, 2002 में संशोधन किए जाने हेतु मंत्रिपरिषद उप समिति का
गठन कर प्रस्तावित संशोधनों में समिति की अनुशंसा प्राप्त करने का निर्णय
लिया गया।
छत्तीसगढ़ राजकोषीय उत्तरदायित्व और बजट प्रबंध (संशोधन) विधेयक 2020 के
प्रारूप का अनुमोदन किया गया।द्वितीय अनुपूरक अनुमान वर्ष 2020-21 का
विधानसभा में उपस्थापन बावत् छत्तीसगढ़ विनियोग विधेयक-2020 के प्रारूप का
अनुमोदन किया गया। राज्य के जिला मुख्यालयों एवं प्रमुख शहरों में
निर्मित जर्जर भवनों के रिडेव्हलपमेंट करने का निर्णय लिया गया। जिसमें
रायपुर के शांति नगर के पुनर्विकास योजना को सैद्धांतिक सहमति दी गई।
छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मण्डल एवं रायपुर विकास प्राधिकरण को आबंटित शासकीय
भूमि पर आवासीय एवं आवासीय/व्यवसायिक योजना में शामिल व्यवसायिक संपत्ति को
फ्री -होल्ड करने की अनुमति निहित शर्तो पर दी जाए। छत्तीसगढ़ राज्य के
निर्माण कार्यो के ठेकों में एकीकृत पंजीयन व्यवस्था के तहत ई श्रेणी के
मापदण्ड (आई) एवं (आईवी) में संशोधन का निर्णय लिया गया। जिसके तहत मापदण्ड
(आई) में अब सामान्य क्षेत्रों में स्नातक बेरोजगार युवाओं का पंजीयन होगा
वहीं अनुसूचित क्षेत्रों में हायर सेकेण्डरी उत्तीर्ण बेरोजगार युवाओं का
पंजीयन ई श्रेणी में किया जाएगा जबकि पूर्व में अनुसूचित क्षेत्रों में भी
स्नातक उपाधिधारी बेरोजगार युवाओं का ई श्रेणी में पंजीयन किया जा रहा है।
इसी तरह मापदण्ड (आईवी) में अब ई श्रेणी पंजीयन एवं प्रतिस्पर्धा ब्लॉक एवं
नगर निगम सीमा तक सीमित रहेगी। पंजीयन ब्लॉक स्तर पर होगा तथा संबंधित नगर
निगम सीमा क्षेत्र को भी पंजीयन के लिए एक इकाई माना जाएगा जबकि पहले
प्रावधान था कि स्नातधारी जिस ब्लॉक के निवासी होंगे, वह उसी ब्लॉक अंतर्गत
के कार्यो के लिए प्रतिस्पर्धा में भाग ले सकेंगे।छत्तीसगढ़ रोड एण्ड
इंफ्रेस्ट्रक्चर डेव्हलमेंट कार्पोरेशन लिमिटेड द्वारा राज्य शासन से
संप्रभु गारंटी प्राप्त कर बैंक/वित्तीय संस्थाओं से ऋण प्राप्त करने एवं
निर्माण कार्य संपादन की प्रक्रिया का अनुमोदन किया गया।
संचालनालय रोजगार एवं प्रशिक्षण के अधीन औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थाओं में
शेष 69 संविदा प्रशिक्षण अधिकारियों की सेवा अवधि में भी वृद्धि/नवीनीकरण
का निर्णय लिया गया। पूर्व में 235 संविदा प्रशिक्षण अधिकारियों की संविदा
सेवा में वृद्धि की गई है।


Journalist खबरीलाल












