नई दिल्ली, 12 दिसंबर 2022। अरुणाचल प्रदेश में भारत और चीन (India and China) के सैनिकों के बीच झड़प हुई है। इस झड़प में दोनों देशों के सैनिकों के घायल होने की खबर आ रही है। यह झड़प 9 दिसंबर 2022 को तवांग के पास हुई थी। इस दौरान भारतीय जवानों ने चीन को करारा जवाब दिया है। अक्टूबर 2021 में अरुणाचल प्रदेश के यांगसे में दोनों देशों के सैनिकों के बीच विवाद हो गया था।
सेना के उच्च पदस्थ सूत्रों ने बताया कि नौ दिसंबर 2022 को तवांग सेक्टर में एलएसी के पास पीएलए के सैनिकों के साथ झड़प हुई थी। हमारे जवानों ने बहादुरी से लड़ाई लड़ी। आमने-सामने की इस लड़ाई में दोनों पक्षों के कुछ जवानों को मामूली चोटें आई हैं। समाचार एजेंसी पीटीआई के सूत्रों के मुताबिक, 6 जवानों को इलाज के लिए गुवाहाटी लाया गया है।
इस झड़प में भारत के 30 से ज्यादा जवान घायल हुए हैं। कई चीनी सैनिक भी घायल हुए हैं। किसकी संख्या अधिक है। हालांकि भारत का कोई भी जवान गंभीर नहीं है। इस झड़प के बाद भारत के कमांडरों ने शांति बहाल करने के लिए चीन के कमांडरों के साथ फ्लैग मीटिंग की है। जिसके बाद पीछे दोनों देशों के सैनिक जमा हो गए।
नई दिल्ली, 12 दिसंबर 2022। अरुणाचल प्रदेश में भारत और चीन (India and China) के सैनिकों के बीच झड़प हुई है। इस झड़प में दोनों देशों के सैनिकों के घायल होने की खबर आ रही है। यह झड़प 9 दिसंबर 2022 को तवांग के पास हुई थी। इस दौरान भारतीय जवानों ने चीन को करारा जवाब दिया है। अक्टूबर 2021 में अरुणाचल प्रदेश के यांगसे में दोनों देशों के सैनिकों के बीच विवाद हो गया था।
सेना के उच्च पदस्थ सूत्रों ने बताया कि नौ दिसंबर 2022 को तवांग सेक्टर में एलएसी के पास पीएलए के सैनिकों के साथ झड़प हुई थी। हमारे जवानों ने बहादुरी से लड़ाई लड़ी। आमने-सामने की इस लड़ाई में दोनों पक्षों के कुछ जवानों को मामूली चोटें आई हैं। समाचार एजेंसी पीटीआई के सूत्रों के मुताबिक, 6 जवानों को इलाज के लिए गुवाहाटी लाया गया है।
इस झड़प में भारत के 30 से ज्यादा जवान घायल हुए हैं। कई चीनी सैनिक भी घायल हुए हैं। किसकी संख्या अधिक है। हालांकि भारत का कोई भी जवान गंभीर नहीं है। इस झड़प के बाद भारत के कमांडरों ने शांति बहाल करने के लिए चीन के कमांडरों के साथ फ्लैग मीटिंग की है। जिसके बाद पीछे दोनों देशों के सैनिक जमा हो गए।



Journalist खबरीलाल (5).jpeg)














