छत्तीसगढ़ के बीजापुर में जिला मुख्यालय से गंगालूर को
जोड़ने वाला पुल क्षतिग्रस्त हो गया है। इसके चलते 15 हजार की आबादी वाले
इस इलाके में राशन के साथ अन्य सुविधाएं प्रभावित हुई हैं। खास बात यह है
कि गंगालूर इलाका पूरी तरह से नक्सल प्रभावित है और आए दिन यहां घटनाएं
होती रहती हैं।
दरअसल, बारिश के दौरान करीब दो माह
पहले नदी पर बना पुल क्षतिग्रस्त हो गया। इसके चलते सरकारी राशन की
दुकानों तक वाहन नहीं पहुंच पा रहे हैं। हालांकि, वैकल्पिक व्यवस्था के तौर
पर प्रधानमंत्री सड़क योजना विभाग की ओर से पाइप डालकर मुरम बिछाई गई है,
लेकिन थोड़ी बारिश में ही स्थिति और बदतर हो जाती है।
साल 2013 में पंचायत ने बनवाया था पुल
बताया
जा रहा है कि साल 2013 में पंचायत ने इस पुल का निर्माण कराया था। इस वर्ष
प्रदेश में सबसे ज्यादा बारिश बीजापुर में ही हुई, इसके कारण पुल
क्षतिग्रस्त हो गया। जिला पंचायत सदस्य बी पुष्पा राव कहती हैं कि सामान्य
सभा की बैठक में गंगालूर पहुंच मार्ग को जोड़ने वाले दो पुलों को का मुद्दा
उठाया था, पर संतोषजनक जवाब नहीं मिला।
सुरक्षा के लिए थाना और कैंप, फिर भी होती रहती हैं नक्सल वारदातें
बीजापुर
के गंगालूर इलाके में एक पुलिस थाना है। इसके अलावा सीआरपीएफ और एसटीएफ
कैंप भी है। कई जवानों को सुरक्षा के लिए अलग-अलग क्षेत्र में तैनात किया
गया है। बावजूद इसके अक्सर नक्स्ली घटनाएं और वारदातें होती रहती हैं। कुछ
समय पहले ही नक्सलियों ने अपने ही कमांडर की गोली मारकर हत्या का दी थी।
पुल निर्माण के लिए टेंडर निकाला जाएगा और जल्द से जल्द निर्माण कार्य पूरा होगा। फिलहाल पुल के लिए वैकल्पिक व्यवस्था की गई है।
- रितेश कुमार अग्रवाल, कलेक्टर, बीजापुर
छत्तीसगढ़ के बीजापुर में जिला मुख्यालय से गंगालूर को
जोड़ने वाला पुल क्षतिग्रस्त हो गया है। इसके चलते 15 हजार की आबादी वाले
इस इलाके में राशन के साथ अन्य सुविधाएं प्रभावित हुई हैं। खास बात यह है
कि गंगालूर इलाका पूरी तरह से नक्सल प्रभावित है और आए दिन यहां घटनाएं
होती रहती हैं।
दरअसल, बारिश के दौरान करीब दो माह
पहले नदी पर बना पुल क्षतिग्रस्त हो गया। इसके चलते सरकारी राशन की
दुकानों तक वाहन नहीं पहुंच पा रहे हैं। हालांकि, वैकल्पिक व्यवस्था के तौर
पर प्रधानमंत्री सड़क योजना विभाग की ओर से पाइप डालकर मुरम बिछाई गई है,
लेकिन थोड़ी बारिश में ही स्थिति और बदतर हो जाती है।
साल 2013 में पंचायत ने बनवाया था पुल
बताया
जा रहा है कि साल 2013 में पंचायत ने इस पुल का निर्माण कराया था। इस वर्ष
प्रदेश में सबसे ज्यादा बारिश बीजापुर में ही हुई, इसके कारण पुल
क्षतिग्रस्त हो गया। जिला पंचायत सदस्य बी पुष्पा राव कहती हैं कि सामान्य
सभा की बैठक में गंगालूर पहुंच मार्ग को जोड़ने वाले दो पुलों को का मुद्दा
उठाया था, पर संतोषजनक जवाब नहीं मिला।
सुरक्षा के लिए थाना और कैंप, फिर भी होती रहती हैं नक्सल वारदातें
बीजापुर
के गंगालूर इलाके में एक पुलिस थाना है। इसके अलावा सीआरपीएफ और एसटीएफ
कैंप भी है। कई जवानों को सुरक्षा के लिए अलग-अलग क्षेत्र में तैनात किया
गया है। बावजूद इसके अक्सर नक्स्ली घटनाएं और वारदातें होती रहती हैं। कुछ
समय पहले ही नक्सलियों ने अपने ही कमांडर की गोली मारकर हत्या का दी थी।
पुल निर्माण के लिए टेंडर निकाला जाएगा और जल्द से जल्द निर्माण कार्य पूरा होगा। फिलहाल पुल के लिए वैकल्पिक व्यवस्था की गई है।
- रितेश कुमार अग्रवाल, कलेक्टर, बीजापुर



Journalist खबरीलाल














