
बलिया: उत्तर प्रदेश के बलिया की रसड़ा विधानसभा सीट से बहुजन समाज पार्टी के टिकट पर जीत दर्ज करने वाले उमाशंकर सिंह का निधन हो गया। उमाशंकर सिंह 55 वर्ष के थे। वे लंबे समय से बीमारी से जूझ रहे थे। यूपी चुनाव 2022 में उन्होंने बहुजन समाज पार्टी का खाता खोला था। बसपा प्रमुख मायावती के करीबी नेताओं में उनकी गिनती होती थी। उमाशंकर सिंह के निधन पर बहुजन समाज पार्टी में शोक की लहर दौड़ गई है। उनकी तबीयत खराब होने के बाद बसपा प्रमुख मायावती ने उनका हालचाल लिया था। वहीं, बजट सत्र के दौरान यूपी विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए उन्हें सदन की कार्यवाही के दौरान जोड़ा था। करीब दो साल से वे कैंसर से जूझ रहे थे।
उमाशंकर सिंह यूपी विधानसभा में बहुजन समाज पार्टी के इकलौते विधायक थ। उन्होंने रसड़ा विधानसभा सीट से जीत दर्ज की थी। बसपा विधायक उमाशंकर सिंह नगरा ब्लॉक के खनवर गांव के निवासी थे। वे तीन बार से लगातार विधायक रहे। लंबे समय से कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे। उमाशंकर सिंह के निधन के बाद प्रदेश में बसपा का कोई विधायक नहीं बचा।
उमाशंकर सिंह की बीमारी को लेकर इसी साल फरवरी में कई रिपोर्ट आई थी। उनके गंभीर रूप से बीमार होने के बाद यूपी विधानसभा के अन्य सदस्यों ने उनके स्वास्थ्य लाभ की कामना की थी। उनका घर पर ही इलाज चल रहा था। इसी बीच बुधवार रात अचानक उनके निधन की सूचना सामने आई। उनके निधन की खबर मिलते ही रसड़ा क्षेत्र में शोक की लहर है।
उमाशंकर सिंह के सिर में दर्द की शिकायत अप्रैल 2024 में सामने आई थी। इसके बाद उन्हें इलाज के लिए दिल्ली ले जाया गया। वहां भी उनकी तबीयत में कोई सुधार नहीं हुआ। इसके बाद वे परिजनों के साथ अमेरिका चले गए। वहां करीब तीन माह तक इलाज कराने के बाद वापस लौटे थे। उस समय उनकी स्थिति में सुधार दिखा था। हालांकि, इस साल के शुरुआत में उनकी तबीयत अचानक खराब हो गई थी।

बलिया: उत्तर प्रदेश के बलिया की रसड़ा विधानसभा सीट से बहुजन समाज पार्टी के टिकट पर जीत दर्ज करने वाले उमाशंकर सिंह का निधन हो गया। उमाशंकर सिंह 55 वर्ष के थे। वे लंबे समय से बीमारी से जूझ रहे थे। यूपी चुनाव 2022 में उन्होंने बहुजन समाज पार्टी का खाता खोला था। बसपा प्रमुख मायावती के करीबी नेताओं में उनकी गिनती होती थी। उमाशंकर सिंह के निधन पर बहुजन समाज पार्टी में शोक की लहर दौड़ गई है। उनकी तबीयत खराब होने के बाद बसपा प्रमुख मायावती ने उनका हालचाल लिया था। वहीं, बजट सत्र के दौरान यूपी विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए उन्हें सदन की कार्यवाही के दौरान जोड़ा था। करीब दो साल से वे कैंसर से जूझ रहे थे।
उमाशंकर सिंह यूपी विधानसभा में बहुजन समाज पार्टी के इकलौते विधायक थ। उन्होंने रसड़ा विधानसभा सीट से जीत दर्ज की थी। बसपा विधायक उमाशंकर सिंह नगरा ब्लॉक के खनवर गांव के निवासी थे। वे तीन बार से लगातार विधायक रहे। लंबे समय से कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे। उमाशंकर सिंह के निधन के बाद प्रदेश में बसपा का कोई विधायक नहीं बचा।
उमाशंकर सिंह की बीमारी को लेकर इसी साल फरवरी में कई रिपोर्ट आई थी। उनके गंभीर रूप से बीमार होने के बाद यूपी विधानसभा के अन्य सदस्यों ने उनके स्वास्थ्य लाभ की कामना की थी। उनका घर पर ही इलाज चल रहा था। इसी बीच बुधवार रात अचानक उनके निधन की सूचना सामने आई। उनके निधन की खबर मिलते ही रसड़ा क्षेत्र में शोक की लहर है।
उमाशंकर सिंह के सिर में दर्द की शिकायत अप्रैल 2024 में सामने आई थी। इसके बाद उन्हें इलाज के लिए दिल्ली ले जाया गया। वहां भी उनकी तबीयत में कोई सुधार नहीं हुआ। इसके बाद वे परिजनों के साथ अमेरिका चले गए। वहां करीब तीन माह तक इलाज कराने के बाद वापस लौटे थे। उस समय उनकी स्थिति में सुधार दिखा था। हालांकि, इस साल के शुरुआत में उनकी तबीयत अचानक खराब हो गई थी।


Journalist खबरीलाल















