कोलीविले (अमेरिका). अमेरिका के टेक्सास में यहूदियों
के एक पूजा स्थल में बंधक बनाए गए लोगों को करीब 12 घंटे बाद शनिवार रात को
रिहा करा लिया गया। गवर्नर ग्रेग एबॉट ने यह जानकारी दी। एबॉट ने ट्वीट
किया, ‘‘प्रार्थनाएं सुन ली गईं। सभी बंधक जीवित और सुरक्षित हैं।’’ एबॉट
के इस ट्वीट से पहले प्रार्थना स्थल में गोलियां चलने जैसी आवाजें सुनी गई
थीं। अधिकारियों ने बताया कि एक व्यक्ति ने लोगों को बंधक बना लिया है और
वह अफगानिस्तान में अमेरिकी सेना के अधिकारियों की हत्या के प्रयास के लिए
दोषी ठहराई गई एक पाकिस्तानी तंत्रिका विज्ञानी की रिहाई की मांग कर रहा
है। बचाव अभियान की विस्तृत जानकारी अभी नहीं दी गई है और यह भी स्पष्ट
नहीं है कि बंधक बनाने वाला संदिग्ध ंिजदा है या उसे मार गिराया गया है।
दो सुरक्षा अधिकारियों ने नाम नहीं जाहिर करने की शर्त पर बताया कि
शुरू में कम से कम चार बंधकों के पूजा स्थल में होने का अनुमान था।
अधिकारियों में से एक ने कहा कि माना जाता है कि बंधकों में पूजा स्थल के
रब्बी (यहूदी धार्मिक नेता) भी शामिल हैं। एक अधिकारी ने कहा कि व्यक्ति ने
अपने पास हथियार होने का दावा किया लेकिन अधिकारियों ने इसकी पुष्टि नहीं
की। कोलीविले पुलिस विभाग ने कहा कि शनिवार शाम पांच बजे के बाद एक बंधक को
बिना किसी नुकसान के रिहा कर दिया गया। माना जाता है कि व्यक्ति अपने
परिवार के पास चला गया और उसे चिकित्सीय देखभाल की आवश्यकता नहीं थी।
अधिकारी अब भी हमले के मकसद का पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं। अधिकारियों
ने कहा कि बंधक बनाने वाले ने घटना की ‘लाइवस्ट्रींिमग’ (सोशल मीडिया मंच
पर सीधा प्रसारण) भी की, जिसमें व्यक्ति को एक पाकिस्तानी तंत्रिका
विज्ञानी को रिहा करने की मांग करते सुना जा सकता है, जिस पर अलकायदा से
संबंध रखने का संदेह था और अफगानिस्तान में हिरासत में अमेरिकी सैन्य
अधिकारियों को मारने की कोशिश करने का दोषी ठहराया गया था। अधिकारियों के
अनुसार, व्यक्ति ने यह भी कहा कि वह आफिया से बात करना चाहता है। आफिया
सिद्दीकी टेक्सास की संघीय जेल में बंद है।
एक अधिकारी ने बताया कि न्यूयॉर्क शहर में एक रब्बी को संभवत: बंधक बनाए
गए रब्बी का फोन आया था जिसके बाद न्यूयॉर्क शहर के रब्बी ने घटना की
रिपोर्ट करने के लिए पुलिस को फोन किया। एफबीआई डलास के प्रवक्ता केटी
चाउमोंट ने कहा कि पुलिस पहले सुबह 11 बजे के आसपास पूजा स्थल पहुंची और
उसके तुरंत बाद आसपास के इलाकों से लोगों को निकाला गया। चाउमोंट ने कहा कि
किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव जेन साकी
ने शनिवार शाम ट्वीट किया कि राष्ट्रपति जो बाइडन को इस बारे में जानकारी
दे दी गई है और उन्हें वरिष्ठ अधिकारियों से पल-पल की सूचना मिल रही है।
कोलीविले (अमेरिका). अमेरिका के टेक्सास में यहूदियों
के एक पूजा स्थल में बंधक बनाए गए लोगों को करीब 12 घंटे बाद शनिवार रात को
रिहा करा लिया गया। गवर्नर ग्रेग एबॉट ने यह जानकारी दी। एबॉट ने ट्वीट
किया, ‘‘प्रार्थनाएं सुन ली गईं। सभी बंधक जीवित और सुरक्षित हैं।’’ एबॉट
के इस ट्वीट से पहले प्रार्थना स्थल में गोलियां चलने जैसी आवाजें सुनी गई
थीं। अधिकारियों ने बताया कि एक व्यक्ति ने लोगों को बंधक बना लिया है और
वह अफगानिस्तान में अमेरिकी सेना के अधिकारियों की हत्या के प्रयास के लिए
दोषी ठहराई गई एक पाकिस्तानी तंत्रिका विज्ञानी की रिहाई की मांग कर रहा
है। बचाव अभियान की विस्तृत जानकारी अभी नहीं दी गई है और यह भी स्पष्ट
नहीं है कि बंधक बनाने वाला संदिग्ध ंिजदा है या उसे मार गिराया गया है।
दो सुरक्षा अधिकारियों ने नाम नहीं जाहिर करने की शर्त पर बताया कि
शुरू में कम से कम चार बंधकों के पूजा स्थल में होने का अनुमान था।
अधिकारियों में से एक ने कहा कि माना जाता है कि बंधकों में पूजा स्थल के
रब्बी (यहूदी धार्मिक नेता) भी शामिल हैं। एक अधिकारी ने कहा कि व्यक्ति ने
अपने पास हथियार होने का दावा किया लेकिन अधिकारियों ने इसकी पुष्टि नहीं
की। कोलीविले पुलिस विभाग ने कहा कि शनिवार शाम पांच बजे के बाद एक बंधक को
बिना किसी नुकसान के रिहा कर दिया गया। माना जाता है कि व्यक्ति अपने
परिवार के पास चला गया और उसे चिकित्सीय देखभाल की आवश्यकता नहीं थी।
अधिकारी अब भी हमले के मकसद का पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं। अधिकारियों
ने कहा कि बंधक बनाने वाले ने घटना की ‘लाइवस्ट्रींिमग’ (सोशल मीडिया मंच
पर सीधा प्रसारण) भी की, जिसमें व्यक्ति को एक पाकिस्तानी तंत्रिका
विज्ञानी को रिहा करने की मांग करते सुना जा सकता है, जिस पर अलकायदा से
संबंध रखने का संदेह था और अफगानिस्तान में हिरासत में अमेरिकी सैन्य
अधिकारियों को मारने की कोशिश करने का दोषी ठहराया गया था। अधिकारियों के
अनुसार, व्यक्ति ने यह भी कहा कि वह आफिया से बात करना चाहता है। आफिया
सिद्दीकी टेक्सास की संघीय जेल में बंद है।
एक अधिकारी ने बताया कि न्यूयॉर्क शहर में एक रब्बी को संभवत: बंधक बनाए
गए रब्बी का फोन आया था जिसके बाद न्यूयॉर्क शहर के रब्बी ने घटना की
रिपोर्ट करने के लिए पुलिस को फोन किया। एफबीआई डलास के प्रवक्ता केटी
चाउमोंट ने कहा कि पुलिस पहले सुबह 11 बजे के आसपास पूजा स्थल पहुंची और
उसके तुरंत बाद आसपास के इलाकों से लोगों को निकाला गया। चाउमोंट ने कहा कि
किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव जेन साकी
ने शनिवार शाम ट्वीट किया कि राष्ट्रपति जो बाइडन को इस बारे में जानकारी
दे दी गई है और उन्हें वरिष्ठ अधिकारियों से पल-पल की सूचना मिल रही है।


Journalist खबरीलाल












