नयी दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को
गुजरात में सोमनाथ मंदिर के निकट नवनिर्मित र्सिकट हाउस का आॅनलाइन
उद्घाटन किया। वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से र्सिकट हाउस का उद्घाटन करने
के बाद अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने कहा कि दुनिया के कई देशों की
अर्थव्यवस्था में पर्यटन के योगदान की चर्चा होती है लेकिन भारत के तो हर
राज्य में ऐसी ही अनंत संभावनाएं हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘आप किसी भी राज्य का नाम लीजिए। गुजरात का नाम लेंगे तो
सोमनाथ, द्वारका, धोलावीरा जैसे स्थान मन में आते हैं। उत्तर प्रदेश का
नाम लेंगे तो अयोध्या, मथुरा, काशी, कुशीनगर, ंिवध्याचल छा जाते हैं।
सामान्य जन का हमेशा मन करता है, इन सब जगह पर जाने का अवसर मिले।’’
उन्होंने कहा कि इसी प्रकार उत्तराखंड का नाम लेते ही बद्रीनाथ और केदारनाथ
तथा हिमाचल प्रदेश का नाम लेने पर ज्वाला देवी जैसे तीर्थाटन और पर्यटन के
कई केंद्र मन में आ जाएंगे।
उन्होंने कहा, ‘‘ये स्थान हमारी राष्ट्रीयता का… एक भारत, श्रेष्ठ भारत
की भावना का प्रतिनिधित्व करते हैं। इन स्थलों की यात्रा हमारी राष्ट्रीय
एकता को बढ़ाती है। इनके विकास से हम एक बड़े क्षेत्र के विकास को गति दे
सकते हैं।’’ प्रधानमंत्री ने कहा कि पिछले सात साल में देश ने पर्यटन की
संभावनाओं को साकार करने के लिए लगातार काम किए हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘पर्यटन केंद्रों का विकास आज केवल सरकारी योजना का
हिस्सा भर नहीं है बल्कि जनभागीदारी और सांस्कृतिक विकास है।’’ मोदी ने कहा
कि धार्मिक या धरोहर स्थलों का विकास उन क्षेत्रों की अर्थव्यवस्था को गति
प्रदान करेगा, जहां वे स्थित हैं।
ज्ञात हो कि इस नए र्सिकट हाउस का निर्माण 30 करोड़ रुपये की लागत से
किया गया है और यह सोमनाथ मंदिर के निकट स्थित है। इसमें सभी प्रकार की
आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं, जिनमें वीआईपी और डीलक्स कमरे, सम्मेलन कक्ष
और सभागृह शामिल हैं। कमरों की बनावट ऐसी है कि वहीं से लोग समुद्र का
नजारा भी देख सकते हैं।
नयी दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को
गुजरात में सोमनाथ मंदिर के निकट नवनिर्मित र्सिकट हाउस का आॅनलाइन
उद्घाटन किया। वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से र्सिकट हाउस का उद्घाटन करने
के बाद अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने कहा कि दुनिया के कई देशों की
अर्थव्यवस्था में पर्यटन के योगदान की चर्चा होती है लेकिन भारत के तो हर
राज्य में ऐसी ही अनंत संभावनाएं हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘आप किसी भी राज्य का नाम लीजिए। गुजरात का नाम लेंगे तो
सोमनाथ, द्वारका, धोलावीरा जैसे स्थान मन में आते हैं। उत्तर प्रदेश का
नाम लेंगे तो अयोध्या, मथुरा, काशी, कुशीनगर, ंिवध्याचल छा जाते हैं।
सामान्य जन का हमेशा मन करता है, इन सब जगह पर जाने का अवसर मिले।’’
उन्होंने कहा कि इसी प्रकार उत्तराखंड का नाम लेते ही बद्रीनाथ और केदारनाथ
तथा हिमाचल प्रदेश का नाम लेने पर ज्वाला देवी जैसे तीर्थाटन और पर्यटन के
कई केंद्र मन में आ जाएंगे।
उन्होंने कहा, ‘‘ये स्थान हमारी राष्ट्रीयता का… एक भारत, श्रेष्ठ भारत
की भावना का प्रतिनिधित्व करते हैं। इन स्थलों की यात्रा हमारी राष्ट्रीय
एकता को बढ़ाती है। इनके विकास से हम एक बड़े क्षेत्र के विकास को गति दे
सकते हैं।’’ प्रधानमंत्री ने कहा कि पिछले सात साल में देश ने पर्यटन की
संभावनाओं को साकार करने के लिए लगातार काम किए हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘पर्यटन केंद्रों का विकास आज केवल सरकारी योजना का
हिस्सा भर नहीं है बल्कि जनभागीदारी और सांस्कृतिक विकास है।’’ मोदी ने कहा
कि धार्मिक या धरोहर स्थलों का विकास उन क्षेत्रों की अर्थव्यवस्था को गति
प्रदान करेगा, जहां वे स्थित हैं।
ज्ञात हो कि इस नए र्सिकट हाउस का निर्माण 30 करोड़ रुपये की लागत से
किया गया है और यह सोमनाथ मंदिर के निकट स्थित है। इसमें सभी प्रकार की
आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं, जिनमें वीआईपी और डीलक्स कमरे, सम्मेलन कक्ष
और सभागृह शामिल हैं। कमरों की बनावट ऐसी है कि वहीं से लोग समुद्र का
नजारा भी देख सकते हैं।


Journalist खबरीलाल












