रायपुर. मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आज कहा कि अरपा
बिलासपुर की जीवनदायिनी नदी है। राजगीत का पहला शब्द भी अरपा से शुरू होता
है। इसको बचाने के लिए सभी लोगों और संस्थाओं के साथ राज्य सरकार भी चिंतित
है। नदी के जल को शुद्व रखने और इसके सौंदर्यीकरण के लिए राज्य सरकार
द्वारा हरसंभव प्रयास किया जायेगा। धन की कमी आड़े नहीं आयेगी। श्री बघेल आज
यहां बिलासपुर के शास्त्री स्कूल मैदान में आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधित
करते हुए उक्त बाते कहीं। इससे पूर्व उन्होंने बिलासपुर जिले में 353 करोड़
से ज्यादा की लागत वाले 97 विकास एव ंनिर्माण कार्यों का लोकार्पण व
भूमिपूजन किया।
मुख्यमंत्री श्री बघेल ने कहा कि काफी प्रयासों के बाद बिलासपुर में
हवाई सेवा शुरू हुई है। यहां से अभी केवल दिन में दो-तीन स्थानों के लिए
फ्लाईट सुविधा उपलब्ध है। इसके विस्तार की जरूरत है। लेकिन बगल में सेना की
जमीन होने के कारण अनुमति नहीं मिल पाई है। अनुमति मिलने के बाद जरूरी
सुविधाएं विकसित करके रात में भी उड़ान शुरु करने के प्रयास किये जाएंगे।
उन्होंने बिलासपुर सांसद को इस में मदद करने का आग्रह किया। मुख्यमंत्री
ने कहा कि बिलासपुर छत्तीसगढ़ का दूसरा बड़ा शहर है। न्यायधानी एवं
संस्कारधानी का दर्जा इसे प्राप्त है। सबके सहयोग एवं साथ लेकर शहर को
सुन्दर बनाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वामी आत्मानंद स्कूल खोलने के लिए
पुराने स्कूल बंद नहीं किये जाएंगे। पुराने स्कूल भी चलते रहेंगे, जरूरत
पड़ी तो कक्षाएं दो पारी में संचालित की जाएंगी।
आगामी 5 सालों में 5 लाख लोगों को नौकरी
मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने कहा आगामी 5 सालों में 5 लाख लोगों को
नौकरी दी जायेगी। इसके लिए कार्य-योजना तैयार कर ली गई है। उन्हांेने कहा
कि चालू सीजन में किसानों से 98 लाख मीटरिक टन धान की खरीदी की गई है। इससे
किसानों को 20 हजार करोड़ रूपये का भुगतान किया गया है। संपूर्ण भारत में
छत्तीसगढ़ पहला प्रदेश है जो कि ग्रामीण कृषि भूमिहीन मजदूरों को 6 हजार
रूपये प्रतिवर्ष मदद दे रही है। भूमिहीन परिवारों को योजना के तहत प्रथम
किस्त की राशि दी जा चुकी है।
उन्होंने कहा कि हमारे गोधन न्याय योजना की पूरे देश में चर्चा हो रही
है। केन्द्र सरकार भी इसी तर्ज पर योजना चलाने पर विचार कर रही है। गौठानों
में स्व-सहायता समूह की महिलाएं दीया, पेण्ट, गमला, गौकाष्ठ आदि घरेलू
सामान बनाकर आमदनी अर्जित कर रही हैं। महिलाएं इन गौठानों में बिजली पैदा
करने का उद्यम कर रही है।
कार्यक्रम को नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री डॉ. शिवकुमार डहरिया, नेता
प्रतिपक्ष श्री धरमलाल कौशिक, सांसद श्री अरूण साव, विधायक श्री शैलेश
पाण्डेय और महापौर रामशरण यादव ने भी सम्बोधित किया। कलेक्टर डॉ. सारांश
मित्तर ने स्वागत भाषण दिया। उन्होंने प्रतिवेदन के माध्यम से मुख्यमंत्री
के नेतृत्व में पिछले तीन साल में हुए जिले की महत्वपूर्ण उपलब्धियों एवं
भावी कार्य-योजना पर प्रकाश डाला। तीन बरस की विकास उपलब्धियों पर आधारित
एक लघु फिल्म भी इस अवसर पर प्रदर्शित की गई। संसदीय सचिव रश्मि आशीष सिंह
ने आभार प्रकट किये।
रायपुर. मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आज कहा कि अरपा
बिलासपुर की जीवनदायिनी नदी है। राजगीत का पहला शब्द भी अरपा से शुरू होता
है। इसको बचाने के लिए सभी लोगों और संस्थाओं के साथ राज्य सरकार भी चिंतित
है। नदी के जल को शुद्व रखने और इसके सौंदर्यीकरण के लिए राज्य सरकार
द्वारा हरसंभव प्रयास किया जायेगा। धन की कमी आड़े नहीं आयेगी। श्री बघेल आज
यहां बिलासपुर के शास्त्री स्कूल मैदान में आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधित
करते हुए उक्त बाते कहीं। इससे पूर्व उन्होंने बिलासपुर जिले में 353 करोड़
से ज्यादा की लागत वाले 97 विकास एव ंनिर्माण कार्यों का लोकार्पण व
भूमिपूजन किया।
मुख्यमंत्री श्री बघेल ने कहा कि काफी प्रयासों के बाद बिलासपुर में
हवाई सेवा शुरू हुई है। यहां से अभी केवल दिन में दो-तीन स्थानों के लिए
फ्लाईट सुविधा उपलब्ध है। इसके विस्तार की जरूरत है। लेकिन बगल में सेना की
जमीन होने के कारण अनुमति नहीं मिल पाई है। अनुमति मिलने के बाद जरूरी
सुविधाएं विकसित करके रात में भी उड़ान शुरु करने के प्रयास किये जाएंगे।
उन्होंने बिलासपुर सांसद को इस में मदद करने का आग्रह किया। मुख्यमंत्री
ने कहा कि बिलासपुर छत्तीसगढ़ का दूसरा बड़ा शहर है। न्यायधानी एवं
संस्कारधानी का दर्जा इसे प्राप्त है। सबके सहयोग एवं साथ लेकर शहर को
सुन्दर बनाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वामी आत्मानंद स्कूल खोलने के लिए
पुराने स्कूल बंद नहीं किये जाएंगे। पुराने स्कूल भी चलते रहेंगे, जरूरत
पड़ी तो कक्षाएं दो पारी में संचालित की जाएंगी।
आगामी 5 सालों में 5 लाख लोगों को नौकरी
मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने कहा आगामी 5 सालों में 5 लाख लोगों को
नौकरी दी जायेगी। इसके लिए कार्य-योजना तैयार कर ली गई है। उन्हांेने कहा
कि चालू सीजन में किसानों से 98 लाख मीटरिक टन धान की खरीदी की गई है। इससे
किसानों को 20 हजार करोड़ रूपये का भुगतान किया गया है। संपूर्ण भारत में
छत्तीसगढ़ पहला प्रदेश है जो कि ग्रामीण कृषि भूमिहीन मजदूरों को 6 हजार
रूपये प्रतिवर्ष मदद दे रही है। भूमिहीन परिवारों को योजना के तहत प्रथम
किस्त की राशि दी जा चुकी है।
उन्होंने कहा कि हमारे गोधन न्याय योजना की पूरे देश में चर्चा हो रही
है। केन्द्र सरकार भी इसी तर्ज पर योजना चलाने पर विचार कर रही है। गौठानों
में स्व-सहायता समूह की महिलाएं दीया, पेण्ट, गमला, गौकाष्ठ आदि घरेलू
सामान बनाकर आमदनी अर्जित कर रही हैं। महिलाएं इन गौठानों में बिजली पैदा
करने का उद्यम कर रही है।
कार्यक्रम को नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री डॉ. शिवकुमार डहरिया, नेता
प्रतिपक्ष श्री धरमलाल कौशिक, सांसद श्री अरूण साव, विधायक श्री शैलेश
पाण्डेय और महापौर रामशरण यादव ने भी सम्बोधित किया। कलेक्टर डॉ. सारांश
मित्तर ने स्वागत भाषण दिया। उन्होंने प्रतिवेदन के माध्यम से मुख्यमंत्री
के नेतृत्व में पिछले तीन साल में हुए जिले की महत्वपूर्ण उपलब्धियों एवं
भावी कार्य-योजना पर प्रकाश डाला। तीन बरस की विकास उपलब्धियों पर आधारित
एक लघु फिल्म भी इस अवसर पर प्रदर्शित की गई। संसदीय सचिव रश्मि आशीष सिंह
ने आभार प्रकट किये।



Journalist खबरीलाल














