रायपुर के वन विभाग के मनरेगा डिपार्टमेंट में कार्यरत दिनेश टांडी विगत कई वर्षों से कोटा स्थित स्टेडियम में स्पोर्ट्समैन / खिलाड़ियों को देते हैं निःशुल्क प्रशिक्षण। एक बेहतरीन एथलीट बनने के लिए जो प्रशिक्षण लगता है साथ ही शरीर को लचीला एवं फिट रखने के लिये जो एक्सरसाइज / योग अभ्यास की जरूरत होती है वे सब निःशुल्क , समाज सेवा के भाव से करते हैं।
ज्ञात हो की दिनेश टांडी खुद राष्ट्रीय स्तर के एथलीट रह चुके हैं और वे 200 मि, 400 मि के रेस में भाग लेते थे। वे अपने अनुभव के दम पर आज निःशुल्क प्रशिक्षण देकर समाज को लौटा रहे हैं जो बहुत ही सराहनीय है। वे सुबह 5 बजे उठ जाते हैं और सुबह 6 से 9 बजे तक एथलीटों को प्रशिक्षण देते हैं। उनके इस महत कार्य को देखते हुए अन्य समाज सेवी खेल कूद हेतु किट भी उपलब्ध करवा देते हैं। इनके इस जज़्बे को समाज द्वारा, विभाग द्वारा सम्मानित करना चाहिए।
रायपुर के वन विभाग के मनरेगा डिपार्टमेंट में कार्यरत दिनेश टांडी विगत कई वर्षों से कोटा स्थित स्टेडियम में स्पोर्ट्समैन / खिलाड़ियों को देते हैं निःशुल्क प्रशिक्षण। एक बेहतरीन एथलीट बनने के लिए जो प्रशिक्षण लगता है साथ ही शरीर को लचीला एवं फिट रखने के लिये जो एक्सरसाइज / योग अभ्यास की जरूरत होती है वे सब निःशुल्क , समाज सेवा के भाव से करते हैं।
ज्ञात हो की दिनेश टांडी खुद राष्ट्रीय स्तर के एथलीट रह चुके हैं और वे 200 मि, 400 मि के रेस में भाग लेते थे। वे अपने अनुभव के दम पर आज निःशुल्क प्रशिक्षण देकर समाज को लौटा रहे हैं जो बहुत ही सराहनीय है। वे सुबह 5 बजे उठ जाते हैं और सुबह 6 से 9 बजे तक एथलीटों को प्रशिक्षण देते हैं। उनके इस महत कार्य को देखते हुए अन्य समाज सेवी खेल कूद हेतु किट भी उपलब्ध करवा देते हैं। इनके इस जज़्बे को समाज द्वारा, विभाग द्वारा सम्मानित करना चाहिए।


Journalist खबरीलाल














