Breaking News

News (खबरीलाल न्यूज़) : नौकरी की ऐसी की तैसी, 2 मिनट में सही कर दूंगा, UP में बजरंग दल और इंस्पेक्टर आमने-सामने:

post


उत्तर प्रदेश के महराजगंज में एक पुलिस इंस्पेक्टर द्वारा बजरंग दल कार्यकर्ताओं को धमकाने का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में इंस्पेक्टर चिल्लाते हुए कह रहे हैं, “मैं ​​ऐसी नौकरी की ऐसी की तैसी करता हूं। दिमाग खराब हो गया है तुम लोगों का… 2 मिनट लगेगा सही करने में।” यह पूरा विवाद श्रीमद् भागवत कथा के लिए चंदा मांगने को लेकर शुरू हुआ, जिसके बाद बजरंग दल के दर्जनों कार्यकर्ता शिकायत लेकर कोठीभार थाने पहुंचे और हंगामा करने लगे।





यह घटना मंगलवार सुबह की है, जब बजरंग दल के कार्यकर्ता कोठीभार थाना क्षेत्र के बिसोखोर गांव में चंदा इकट्ठा कर रहे थे। उनका आरोप है कि गांव की हरिजन बस्ती में कुछ लोगों ने न केवल चंदा देने से इनकार किया, बल्कि उनके साथ दुर्व्यवहार भी किया और हिंदू देवी-देवताओं पर अपमानजनक टिप्पणी की। कार्यकर्ताओं का दावा है कि ये लोग धर्मांतरण कर ईसाई बन चुके हैं और पुलिस से शिकायत के बावजूद इन पर कोई कार्रवाई नहीं हुई, जिसके बाद उन्हें थाने पर प्रदर्शन करना पड़ा।





पुलिस की निष्क्रियता से नाराज बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने कोठीभार थाने पहुंचकर हंगामा शुरू कर दिया। उन्होंने थानेदार धर्मेंद्र सिंह पर निरंकुश होने और पक्षपात करने का आरोप लगाया। कार्यकर्ताओं ने यह भी कहा कि उनके एक कार्यकर्ता का मोबाइल एसएचओ ने जबरन छीन लिया, जिसमें कथित मारपीट और दुर्व्यवहार से जुड़े सारे सबूत थे। उनका आरोप है कि मोबाइल से सारा डेटा डिलीट कर दिया गया है। कार्यकर्ताओं के अनुसार, “थानेदार धर्म परिवर्तन को बढ़ावा दे रहे हैं।” इसी शोर-शराबे और हंगामे के बीच इंस्पेक्टर धर्मेंद्र सिंह अपना आपा खो बैठे और कार्यकर्ताओं को खुलेआम धमकी देने लगे।





इस पूरे विवाद के केंद्र में धर्मांतरण के आरोप हैं। बिसोखोर गांव के प्रधान विनोद कुमार ने भी बताया कि क्षेत्र में कुछ लोग लालच देकर लोगों को ईसाई धर्म अपनाने के लिए प्रेरित कर रहे हैं और इसका विरोध करने पर हिंसक हो जाते हैं। हिंदूवादी कार्यकर्ता विवेक श्रीवास्तव ने दावा किया कि गांव में चार-पांच लोग पहले ही धर्म परिवर्तन कर चुके हैं। हालांकि, पुलिस ने बजरंग दल के कार्यकर्ताओं द्वारा लगाए गए सभी आरोपों को निराधार बताया है। सीओ निचलौल शिव प्रताप सिंह के अनुसार, चंदे के विवाद की शिकायत के बाद दूसरे पक्ष के 2 लोगों का शांतिभंग में चालान कर दिया गया था। उन्होंने यह भी कहा कि इंस्पेक्टर द्वारा धमकाए जाने के मामले में कोई लिखित शिकायत नहीं मिली है, शिकायत मिलने पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।




उत्तर प्रदेश के महराजगंज में एक पुलिस इंस्पेक्टर द्वारा बजरंग दल कार्यकर्ताओं को धमकाने का वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में इंस्पेक्टर चिल्लाते हुए कह रहे हैं, “मैं ​​ऐसी नौकरी की ऐसी की तैसी करता हूं। दिमाग खराब हो गया है तुम लोगों का… 2 मिनट लगेगा सही करने में।” यह पूरा विवाद श्रीमद् भागवत कथा के लिए चंदा मांगने को लेकर शुरू हुआ, जिसके बाद बजरंग दल के दर्जनों कार्यकर्ता शिकायत लेकर कोठीभार थाने पहुंचे और हंगामा करने लगे।





यह घटना मंगलवार सुबह की है, जब बजरंग दल के कार्यकर्ता कोठीभार थाना क्षेत्र के बिसोखोर गांव में चंदा इकट्ठा कर रहे थे। उनका आरोप है कि गांव की हरिजन बस्ती में कुछ लोगों ने न केवल चंदा देने से इनकार किया, बल्कि उनके साथ दुर्व्यवहार भी किया और हिंदू देवी-देवताओं पर अपमानजनक टिप्पणी की। कार्यकर्ताओं का दावा है कि ये लोग धर्मांतरण कर ईसाई बन चुके हैं और पुलिस से शिकायत के बावजूद इन पर कोई कार्रवाई नहीं हुई, जिसके बाद उन्हें थाने पर प्रदर्शन करना पड़ा।





पुलिस की निष्क्रियता से नाराज बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने कोठीभार थाने पहुंचकर हंगामा शुरू कर दिया। उन्होंने थानेदार धर्मेंद्र सिंह पर निरंकुश होने और पक्षपात करने का आरोप लगाया। कार्यकर्ताओं ने यह भी कहा कि उनके एक कार्यकर्ता का मोबाइल एसएचओ ने जबरन छीन लिया, जिसमें कथित मारपीट और दुर्व्यवहार से जुड़े सारे सबूत थे। उनका आरोप है कि मोबाइल से सारा डेटा डिलीट कर दिया गया है। कार्यकर्ताओं के अनुसार, “थानेदार धर्म परिवर्तन को बढ़ावा दे रहे हैं।” इसी शोर-शराबे और हंगामे के बीच इंस्पेक्टर धर्मेंद्र सिंह अपना आपा खो बैठे और कार्यकर्ताओं को खुलेआम धमकी देने लगे।





इस पूरे विवाद के केंद्र में धर्मांतरण के आरोप हैं। बिसोखोर गांव के प्रधान विनोद कुमार ने भी बताया कि क्षेत्र में कुछ लोग लालच देकर लोगों को ईसाई धर्म अपनाने के लिए प्रेरित कर रहे हैं और इसका विरोध करने पर हिंसक हो जाते हैं। हिंदूवादी कार्यकर्ता विवेक श्रीवास्तव ने दावा किया कि गांव में चार-पांच लोग पहले ही धर्म परिवर्तन कर चुके हैं। हालांकि, पुलिस ने बजरंग दल के कार्यकर्ताओं द्वारा लगाए गए सभी आरोपों को निराधार बताया है। सीओ निचलौल शिव प्रताप सिंह के अनुसार, चंदे के विवाद की शिकायत के बाद दूसरे पक्ष के 2 लोगों का शांतिभंग में चालान कर दिया गया था। उन्होंने यह भी कहा कि इंस्पेक्टर द्वारा धमकाए जाने के मामले में कोई लिखित शिकायत नहीं मिली है, शिकायत मिलने पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।



...
...
...
...
...
...
Sidebar Banner
Sidebar Banner
Sidebar Banner