लरायपुर, 16 मई 2026/ लंबित बिजली बिल के भुगतान की समस्या से जूझ रहे उपभोक्ताओं को राहत देने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के निर्देश पर मुख्यमंत्री बिजली बिल समाधान योजना 2026 की शुरुआत की गई है। इस पहल के तहत बी.पी.एल., अशासकीय घरेलू एवं अशासकीय कृषि श्रेणी के उपभोक्ताओं को बकाया राशि में विशेष छूट प्रदान की जा रही है, जिससे जिले के हजारों परिवारों को राहत मिल रही है।
राजधानी के निवासी श्री शेखर सोनी ई-रिक्शा चालक हैं। यह ई-रिक्शा उनकी आय का एक मात्र ज़रिया है। श्री सोनीे आर्थिक समस्याओं के चलते लंबे समय से बिजली बिल का भुगतान नहीं कर पा रहे थे, जिससे बकाया राशि लगातार बढ़ती जा रही थी। तभी संबंधित विभाग के अधिकारियों ने इस योजना की जानकारी दी। श्री सोनी ने इस योजना की विस्तृत जानकारी ली, और जल्द प्रक्रिया पूर्ण कर लंबित निर्धारित भुगतान सीएसपीडीसीएल को कर दिया।
इस योजना के अंतर्गत उन्हें 3 हजार 565 रुपये की राहत मिली, जिससे उनका आर्थिक दबाव काफी कम हुआ। उन्होंने इस पहल के लिए मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह योजना उनके जैसे जरूरतमंद लोगों के लिए बेहद सहायक साबित हो रही है।
उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री बिजली बिल समाधान योजना 2026 के तहत 31 मार्च 2023 तक लंबित बकाया राशि वाले उपभोक्ताओं को शामिल किया गया है। इसका उद्देश्य पुराने बकाया को सरल प्रक्रिया के माध्यम से समाप्त कर उपभोक्ताओं को राहत प्रदान करना है। इसके अंतर्गत मूल राशि और अधिभार दोनों में छूट दी जा रही है। निष्क्रिय बी.पी.एल. उपभोक्ताओं को मूल राशि में 75 प्रतिशत तथा अधिभार में 100 प्रतिशत छूट का प्रावधान है, जबकि निष्क्रिय घरेलू एवं कृषि उपभोक्ताओं को मूल राशि में 50 प्रतिशत और अधिभार में पूर्ण छूट दी जा रही है।
पात्र सक्रिय उपभोक्ताओं को योजना का लाभ लेने के लिए मोर बिजली एप या संबंधित सीएसईबी कार्यालय में पंजीकरण कराना होगा। पंजीकरण के समय बकाया राशि का न्यूनतम 10 प्रतिशत भुगतान करना अनिवार्य है, जबकि निष्क्रिय उपभोक्ताओं को पंजीकरण की आवश्यकता नहीं है। यह योजना 30 जून 2026 तक प्रभावशील रहेगी। जिला प्रशासन ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे समय-सीमा के भीतर पंजीयन कराकर इस अवसर का लाभ उठाएं।
लरायपुर, 16 मई 2026/ लंबित बिजली बिल के भुगतान की समस्या से जूझ रहे उपभोक्ताओं को राहत देने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के निर्देश पर मुख्यमंत्री बिजली बिल समाधान योजना 2026 की शुरुआत की गई है। इस पहल के तहत बी.पी.एल., अशासकीय घरेलू एवं अशासकीय कृषि श्रेणी के उपभोक्ताओं को बकाया राशि में विशेष छूट प्रदान की जा रही है, जिससे जिले के हजारों परिवारों को राहत मिल रही है।
राजधानी के निवासी श्री शेखर सोनी ई-रिक्शा चालक हैं। यह ई-रिक्शा उनकी आय का एक मात्र ज़रिया है। श्री सोनीे आर्थिक समस्याओं के चलते लंबे समय से बिजली बिल का भुगतान नहीं कर पा रहे थे, जिससे बकाया राशि लगातार बढ़ती जा रही थी। तभी संबंधित विभाग के अधिकारियों ने इस योजना की जानकारी दी। श्री सोनी ने इस योजना की विस्तृत जानकारी ली, और जल्द प्रक्रिया पूर्ण कर लंबित निर्धारित भुगतान सीएसपीडीसीएल को कर दिया।
इस योजना के अंतर्गत उन्हें 3 हजार 565 रुपये की राहत मिली, जिससे उनका आर्थिक दबाव काफी कम हुआ। उन्होंने इस पहल के लिए मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह योजना उनके जैसे जरूरतमंद लोगों के लिए बेहद सहायक साबित हो रही है।
उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री बिजली बिल समाधान योजना 2026 के तहत 31 मार्च 2023 तक लंबित बकाया राशि वाले उपभोक्ताओं को शामिल किया गया है। इसका उद्देश्य पुराने बकाया को सरल प्रक्रिया के माध्यम से समाप्त कर उपभोक्ताओं को राहत प्रदान करना है। इसके अंतर्गत मूल राशि और अधिभार दोनों में छूट दी जा रही है। निष्क्रिय बी.पी.एल. उपभोक्ताओं को मूल राशि में 75 प्रतिशत तथा अधिभार में 100 प्रतिशत छूट का प्रावधान है, जबकि निष्क्रिय घरेलू एवं कृषि उपभोक्ताओं को मूल राशि में 50 प्रतिशत और अधिभार में पूर्ण छूट दी जा रही है।
पात्र सक्रिय उपभोक्ताओं को योजना का लाभ लेने के लिए मोर बिजली एप या संबंधित सीएसईबी कार्यालय में पंजीकरण कराना होगा। पंजीकरण के समय बकाया राशि का न्यूनतम 10 प्रतिशत भुगतान करना अनिवार्य है, जबकि निष्क्रिय उपभोक्ताओं को पंजीकरण की आवश्यकता नहीं है। यह योजना 30 जून 2026 तक प्रभावशील रहेगी। जिला प्रशासन ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे समय-सीमा के भीतर पंजीयन कराकर इस अवसर का लाभ उठाएं।



Journalist खबरीलाल













