दक्षिण चीन सागर में साइंटिस्टों को एक रहस्यमयी 'ब्लू होल' मिला है, जो इतना बड़ा है कि उसमें 4 बास्केटबॉल कोर्ट आसानी से समा जाएं. जब इसके पानी की टेस्टिंग हुई, तो समुद्र के नीचे बसी 2700 जीवों की एक बिल्कुल नई दुनिया का पता चला.
मूंगे की चट्टानों से बना 'ब्लू होल'
चीन के पर्यावरण मंत्रालय ने बताया कि यह ब्लू होल करीब 3200 साल पुराना है. दुनिया के ज्यादातर ब्लू होल Ice Age में बनी सूखी गुफओं के पानी में डूबने से बने थे. लेकिन यह होल एकदम अलग है. इसका निर्माण मूंगे की चट्टानों के नैचुरल तरीके से बढ़ने और जमान होने से हुआ है.
चीन के वैज्ञानिकों ने गोताखोरों, अंडरवाटर रोबोट्स और ड्रोन की मदद से इस जगह की पड़ताल की. जब लैब में यहां के पानी का eDNA और मिट्टी का सैंपल टेस्ट हुआ, तो चौंकाने वाले फैक्ट्स सामने आए. इस अकेले ब्लू होल में 2700 से ज्यादा तरह के समुद्री जीव मौजूद हैं.
साइंटिस्ट इस तरह के ब्लू होल को 'टाइम कैप्सूल' कहते हैं, जिनसे धरती के इतिहास और नए जीवों का पता चलता है.
साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट की एक रिपोर्ट के मुताबिक, यह नई खोज 'स्कारबोरो शोल' इलाके में हुई है. यह जगह फिलीपींस के समुद्री तट से 230 KM और चीन से 874 KM दूर है. इस इलाके को लेकर दोनों देशों में सालों पुराना विवाद है. चीन से अपना बताते हुए हुआंगयान द्वीप कहता है. जबकि फिलीपींस अपना दावा ठोकते हुए इसे पानाटाग शोल कहता है.
दक्षिण चीन सागर में साइंटिस्टों को एक रहस्यमयी 'ब्लू होल' मिला है, जो इतना बड़ा है कि उसमें 4 बास्केटबॉल कोर्ट आसानी से समा जाएं. जब इसके पानी की टेस्टिंग हुई, तो समुद्र के नीचे बसी 2700 जीवों की एक बिल्कुल नई दुनिया का पता चला.
मूंगे की चट्टानों से बना 'ब्लू होल'
चीन के पर्यावरण मंत्रालय ने बताया कि यह ब्लू होल करीब 3200 साल पुराना है. दुनिया के ज्यादातर ब्लू होल Ice Age में बनी सूखी गुफओं के पानी में डूबने से बने थे. लेकिन यह होल एकदम अलग है. इसका निर्माण मूंगे की चट्टानों के नैचुरल तरीके से बढ़ने और जमान होने से हुआ है.
चीन के वैज्ञानिकों ने गोताखोरों, अंडरवाटर रोबोट्स और ड्रोन की मदद से इस जगह की पड़ताल की. जब लैब में यहां के पानी का eDNA और मिट्टी का सैंपल टेस्ट हुआ, तो चौंकाने वाले फैक्ट्स सामने आए. इस अकेले ब्लू होल में 2700 से ज्यादा तरह के समुद्री जीव मौजूद हैं.
साइंटिस्ट इस तरह के ब्लू होल को 'टाइम कैप्सूल' कहते हैं, जिनसे धरती के इतिहास और नए जीवों का पता चलता है.
साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट की एक रिपोर्ट के मुताबिक, यह नई खोज 'स्कारबोरो शोल' इलाके में हुई है. यह जगह फिलीपींस के समुद्री तट से 230 KM और चीन से 874 KM दूर है. इस इलाके को लेकर दोनों देशों में सालों पुराना विवाद है. चीन से अपना बताते हुए हुआंगयान द्वीप कहता है. जबकि फिलीपींस अपना दावा ठोकते हुए इसे पानाटाग शोल कहता है.


Journalist खबरीलाल













